Thursday, 24 April 2014

कहते जो हम

We speak
Becomes the house we live in.
Who will want to sleep in your bed
If the roof leaks
Right above
Look what happens when the tongue
Cannot say to kindness,
“I will be your slave.”
The moon
Covers her face with both hands
And can't bear
To look.
~ Hafiz Photoजो
बोलते हम 
जाता बन वह घर  हमारा .
कौन चाहेगा सोना संग तुम्हारे 
गर टपकती हो छत 
सीधे ऊपर 
तुम्हारे  ?
देखो क्या होता है जब के जीभ 
कह ना पाये द्रवित दिल से ,
“दास बन जाऊँगा तेरा.”
ढँकता चेहरा उसका हाथ से दोनों 
और न सह सकता 
कि देख पाये उसे..

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